10th Geography Short Question Chapter 8

10th Geography Short Question Chapter 8

प्रश्न 1. उद्योग पर्यावरण को कैसे प्रदूषित करती है ? लिखें। (2019A )

उत्तर–वर्तमान समय में उद्योगों ने प्रदूषण को बढ़ाया है और पर्यावरण को दूषित किया है। उद्योगों ने चार प्रकार के प्रदूषण वायु, जल, भूमि एवं ध्वनि को बढ़ाया है। उद्योगों से निकलने वाले धुएँ वायु को बुरी तरह प्रदूषित किया है । उद्योग
द्वारा अवशिष्ट पदार्थों द्वारा नदियों तालाबों में छोड़ा जाता है। उससे जल प्रदूषण होता है। ध्वनि प्रदूषण उद्योग एवं परिवहन की देन है। तापीय प्रदूषण-उद्योगों तथा तापों से गर्म जल को बिना ठंडा किए ही नदियों तथा तालाबों में छोड़ दिया जाता है तो जल में तापीय प्रदूषण होता है।

प्रश्न 2. उद्योगों के स्थानीयकरण के तीन कारकों को लिखिए।

उत्तर–किसी उद्योग को स्थापित करने में कई कारकों का योगदान होता है। इन कारकों को दो वर्गों-भौतिक और मानवीय कारकों में रखा जाता है । कच्चा माल, शक्ति के साधन, जल की सलुभता तथा अनुकूल जलवायु भौतिक कारक हैं। मानवीय कारक श्रमिक, बाजार, परिवहन, पूँजी, सरकारी नीतियाँ हैं।

प्रश्न 3. लोहा एवं इस्पात उद्योग को बुनियादी उद्योग क्यों कहा जाता है? [2018C ]

उत्तर-लौह-इस्पात उद्योग को आधारभूत उद्योग इसलिए कहते हैं कि अन्य उद्योगों के लिए मशीनें, कल-पूर्जे, परिवहन के विभिन्न साधनों के लिए मोटरगाड़ियाँ, इंजन तथा कृषि के विभिन्न यंत्र इसी उद्योग द्वारा बनाए जाते हैं

प्रश्न 4. उद्योगों के स्थानीकरण से संबंधित छह कारकों का उल्लेख करें। [2018C]

उत्तर-उद्योगों के स्थानीकरण से संबंधित छह कारक हैं.

(i) कच्चा माल,

(ii) शक्ति,

(iii) बाजार,

(iv) यातायात एवं परिवहन साधन,

(v) पूँजी एवं

(vi) सरकारी नीति ।

प्रश्न 5. सार्वजनिक और निजी उद्योग में अंतर स्पष्ट करें।

उत्तर–सार्वजनिक उद्योग — इसका संचालन सरकार स्वयं करती है। इसमें भारी तथा आधारभूत उद्योग सम्मिलित है। दुर्गापुर, भिलाई, राउरकेला, भारतीय हैवी इलेक्ट्रिकल लिमिटेड, सेल आदि ।

निजी उद्योग — इसमें उद्योग पर नियंत्रण निजी व्यक्तियों का होता था। निजी लाभ के उद्देश्य से ही इनका उपयोग किया जाता है। जैसे टाटा इस्पात उद्योग, रिलायंस इंडस्ट्रीज।

प्रश्न 6. स्वामित्व के आधार पर उद्योगों को उदाहरण सहित वर्गीकृत कीजिए। [2018A]

उत्तर-स्वामित्व के आधार पर उद्योग को दो भागों में बाँटा जाता है-

(i) सार्वजनिक उद्योग इसमें भारी तथा आधारभूत उद्योग सम्मिलित हैं। इनका संचालन स्वयं सरकार करती है। जैसे-दुर्गापुर, भिलाई, राऊरकेला इस्पात उद्योग।

(ii) संयुक्त अथवा सरकारी उद्योग—जब उद्योगों में दो या दो से अधिक व्यक्तियों या सहकारी समितियों का योगदान हो तो उसे संयुक्त या सहकारी उद्योग
कहते हैं, जैसे ऑयल इंडिया लिमिटेड, अमूल गुजरात आदि ।

प्रश्न 7. कृषि आधारित उद्योग और खनिज आधारित उद्योग के अंतर को स्पष्ट करें।

उत्तर-कृषि पर आधारित उद्योगों को कच्चा माल कृषि से मिलता है। यह उद्योग ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर प्रदान करता है। ये अधिकतर उपभोग वस्तुओं का ही उत्पाउन करते हैं। जैसे-चीनी, पटसन, वस्त्र, खनिज पर आधारित
उद्योग को कच्चा माल खनिज से मिलता है। यह उद्योग ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में रोजगार प्रदान करता है। यह उपभोग्य तथा मूल पर आधारित दोनों प्रकार की वस्तुओं का उत्पादन करते हैं। जैसे-लौह इस्पात, पोत निर्माण, मशीनरी उपकरण इत्यादि।

प्रश्न 8. प्रदूषण क्या है एवं कितने प्रकार के होते हैं ?

उत्तर प्रदूषण मानव जीवन स्थल तथा जल के भौतिक, रासायनिक एवं जैविक विशेषताओं में अपेक्षित परिवर्तन जो मानव स्वास्थ्य के लिए एवं अन्य जीवों के लिए हानिकारक है, प्रदूषण कहलाता है। ये निम्नलिखित प्रकार के हैं वायु प्रदूषण, जल प्रदूषण, ध्वनि प्रदूषण, तापीय
प्रदूषण आदि ।

प्रश्न 9. उपभोक्ता उद्योग से आप क्या समझते हैं? [2012C]

उत्तर—ऐसे उद्योग जो उत्पादक, उपभोक्ता के सीधे उपभोग के लिए आते हैं, उपभोक्ता उद्योग कहलाते हैं। जैसे-दंतमंजन, कागज, पंखा आदि।

प्रश्न 10. कृषि आधारित उद्योग और खनिज आधारित उद्योग के अंतर को स्पष्ट करें।

उत्तर-कृषि आधारित उद्योग सूती वस्त्र जूट, रेशमी, ऊनी वस्त्र, चीनी उद्योग, खाद्य तेल से प्राप्त कच्चे माल पर आधारित है। खनिज आधारित उद्योग लोहा इस्पात उद्योग आदि।

प्रश्न 11. मुम्बई को सूती वस्त्र की महानगरी क्यों कहा जाता है ?

उत्तर-मुम्बई को सूती वस्त्र की महानगरी इसलिए कहा जाता है कि सिर्फ मुम्बई महानगर क्षेत्र में भारत का लगभग एक-चौथाई सूती कपड़ा तैयार किया जाता है ।

प्रश्न 12. विनिर्माण से आप क्या समझते हैं?

उत्तर–वर्तमान समय में विनिर्माण उद्योग किसी भी राष्ट्र के विकास और सम्पन्नता का सूचक है। कच्चे मालों द्वारा जीवनोपयोगी वस्तुएँ तैयार करना
विनिर्माण उद्योग कहलाता है। जैसे कपास से कपड़ा, गन्ना से चीनी, लौह-अयस्क, लोहा-इस्पात उद्योग, बॉक्साइट से एल्युमिनियम आदि वस्तुएँ ।

प्रश्न 13. भारत में लौह-इस्पात उद्योग के नाम लिखें।

उत्तर-प. बंगाल, झारखंड, उड़ीसा, छत्तीसगढ़ ।

प्रश्न 14. उत्तर-प्रदेश तथा कर्नाटक राज्यों में स्थित नाभकीय संयंत्रों के नाम लिखें।

उत्तर-उत्तर प्रदेश में तापक्रम संयंत्र नरोड़ा, कर्नाटक में कैगा नाभकीय संयत्र ।

प्रश्न 15. भारत के सबसे महत्वपूर्ण दो चीनी उत्पादक राज्यों का नाम बताएँ।

उत्तर-महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश ।

प्रश्न 16. स्वतंत्रता के बाद भारत में कौन-कौन लौह-इस्पात केन्द्र है नाम लिखें।

उत्तर-भिलाई, राउरकेला, दुर्गापुर, बोकारो, सलेम, विजयनगर, गोपालपुर आदि ।

प्रश्न 17. एक प्रमुख पोत निर्माण केन्द्र का नाम बताइये, जो भारत के पश्चिमी तट पर स्थित हो और सार्वजनिक क्षेत्र के अधीन  है

उत्तर-कोचीन पोत-निर्माण केन्द्र ।

प्रश्न 18, आधारभूत उद्योग क्या है ? उदाहरण देकर समझाएँ।

उत्तर-लौह इस्पात एक आधारभूत उद्योग है, क्योंकि इस पर अनेक अन्य उद्योगों का विकास निर्भर है

प्रश्न 19. उदारीकरण से आप क्या समझते हैं?

उत्तर उदारीकरण उद्योग तथा व्यापार को लाल फीता शाही के अनावश्यक प्रतिबंधों से मुक्त करके अधिक प्रतियोगी बनाता है।

प्रश्न 20. भारत में खिलौने उद्योग किन राज्यों में मुख्य रूप से है?

उत्तर भारत में खिलौने उद्योग कई शहरों में विकसित है। इसमें कोलकाता, दिल्ली, चेन्नई, हैदराबाद, मदुरै, भोपाल, शिवकाशी महत्वपूर्ण हैं ।

प्रश्न 21. सरकार ने राष्ट्रीय विनिर्माण प्रतिस्पर्धा परिषद् की स्थापना क्यों की है?

उत्तर सरकार ने राष्ट्रीय निनिर्माण परिषद् की स्थापना विनिर्माण उद्योगों की उत्पादकता में वृद्धि करने के लिए की है ताकि यह उच्च विकास दर को हासिल कर सके।

प्रश्न 22. निजीकरण से आप क्या समझते हैं?

उत्तर देश के अधिकतर उद्योगों के स्वामित्व नियंत्रण तथा प्रबंध का निजी क्षेत्र के अन्तर्गत किया जाना इसके परिणामस्वरूप स्वस्थ अर्थव्यवस्था पर सरकारी एकाधिकार कम या समाप्त हो जाता है

प्रश्न 23. ‘औद्योगिकरण’ तथा नगरीकरण’ साथ-साथ चलते हैं। उदाहरण देकर स्पष्ट करें

उत्तर औद्योगीकरण के प्रारंभ होते ही नगर की स्थापना आरंभ हो जाती है। नगर उद्योगों को बाजार तथा सेवाएँ जैसे-बैंकिंग, बीमा, परिवहन, श्रमिक आदि उपलब्ध कराते हैं। उदाहरण टाटा नगर, बोकारो आदि हैं।

प्रश्न 24. बड़े पैमाने तथा छोटे पैमाने के उद्योगों में अन्तर बताइए।

उत्तर बहुत अधिक पूँजी तथा श्रम से चलाए जाने वाले उद्योग बड़े पैमाने के उद्योग कहलाते हैं। छोटे पैमाने के उद्योग वे उद्योग हैं जिनमें अपेक्षाकृत कम पूँजी लगती है। इन उद्योगों में श्रमिकों की संख्या अधिक होती है।

प्रश्न 25. भारत में ऐल्युमिनियम के दो कारखाने का नाम लिखें।

उत्तर—भारत में ऐल्युमिनियम के दो कारखाने का नाम इस प्रकार हैं-

(i) हिन्दुस्तान एल्युमिनियम कॉरपोरेशन रेणुकूट ।

(ii) इंडियन एल्युमिनियम कम्पनी मूरी (झारखंड)।

प्रश्न 26. वैश्वीकरण से आप क्या समझते हैं ?

उत्तर वैश्वीकरण का अर्थ है देश की अर्थव्यवस्था को विश्व की अर्थव्यवस्था के साथ जोड़ना, अर्थात् प्रत्येक देश का अन्य देशों के साथ बिना किसी प्रतिबंध के पूँजी, तकनीकि एवं व्यापारिक आदान-प्रदान ही वैश्वीकरण है

प्रश्न 27.निर्माण क्या है?

उत्तर कच्चे पदार्थ को मूल्यवान उत्पाद में परिवर्तित का अधिक मात्र में वस्तुओं के उत्पादन करने को विनिर्माण कहा जाता है। उदाहरण के लिए कागज
लकड़ी से, चीनी गन्ने से, लौह-इस्पात लौह अयस्क से तथा एल्यूमिनियम बॉक्साइट से निर्मित है।

प्रश्न 28. भारी एवं हल्के उद्योग में अंतर बताएँ।

उत्तर-भारी उद्योग एवं हल्के उद्योग में निम्न अंतर हैं-
(i) भारी उद्योग_इन उद्योगों में भारी कच्चे माल का प्रयोग होता है, जिससे विनिर्मित वस्तुएँ भी भारी होती है। जैसे—लोहा इस्पात उद्योग ।

(ii) हल्के उद्योग इस वर्ग के उद्योग में हल्के कच्चे माल का प्रयोग होता है जिससे ये हल्के माल का निर्माण होता है। जैसे—इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, सिलाई मशीन उद्योग ।

प्रश्न 29. उत्तर भारत और दक्षिण भारत के चीनी उद्योग में अंतर बताएँ।

उत्तर-उत्तर भारत एवं दक्षिण भारत के चीनी उद्योग में निम्न अंतर हैं-
(1) दक्षिण भारत में गन्ने की प्रति हेक्टेयर उपज अपेक्षाकृत अधिक है।

(ii) समुद्री जलवायु के कारण गन्ने में रस की मात्रा अधिक होती है।

(iii) गन्ने में अधिक शर्करा की मात्रा।

(iv) सहकारी क्षेत्र के अंतर्गत मिलों की स्थापना।

(v) मिल मालिकों द्वारा स्वयं के फार्म में गन्ने की कृषि।

(vi) चीनी उद्योग के लिए आवश्यक बिजली भी वहाँ काफी मात्रा में उपलब्ध है

प्रश्न 30. भारत में नटसन (जूट) उद्योग को कौन-कौन सी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है? किन्हीं तीन का वर्णन करें

उत्तर-भारत में जूट उद्योग के निम्न समस्याएँ हैं।

(i) जूट से बने कालीनों तथा टाट-बोरियों की माँग निरंतर कम हो रही है।

(ii) जूट से बनी वस्तुओं का मूल्य अधिक होता है। इसलिए निर्यात बाजार में इन्हें कड़ी प्रतियोगिता का सामना करना पड़ता है।

(iii) कृत्रिम धागों से बने सामान के बढ़ते हुए प्रचलन ने भी जूट उद्योग के लिए समस्या उत्पन्न कर दी है।

प्रश्न 31. प्रदूषण को नियंत्रण करने के क्या-क्या उपाय हैं ?

उत्तर-प्रदूषण को उचित योजनाओं द्वारा रोका जा सकता है- वैकल्पिक ईंधन का चयन तथा उसके सही उपयोग वायु प्रदूषण रोकने के लिए।

(ii) उद्योगों में कोयले के जगह तेल के उपयोग।

(iii) उद्योगों में वायु प्रदूषणों के लिए बेजफिल्टर स्क्रबर यंत्र द्वारा।

(iv) उद्योगों के प्रदूषित जल को नदियों, तालाबों में छोड़ने के पहले उपचारित करके जल प्रदूषण को रोका जा सकता है।

(v) भूमि प्रदूषण के विभिन्न स्थानों से कूड़ा-कचरा जमा करना, कूड़े-कचरे का पुनः चक्रण कर उपयोगी बनाना ।

 

 

प्रश्न 32. लोहा-इस्पात उद्योग को आधारभूत उद्योग क्यों कहा जाता है ?

उत्तर-लौह-इस्पात उद्योग को आधारभूत उद्योग इसलिए कहते हैं कि अन्य उद्योगों के लिए मशीनें, कल-पूर्जे, परिवहन के विभिन्न साधनों के लिए मोटरगाड़ियाँ, इंजन तथा कृषि के विभिन्न यंत्र इसी उद्योग द्वारा बनाए जाते हैं

Leave a Reply